Influencer Mitali Sharma Viral Video: हर माता-पिता चाहते हैं कि उनका बच्चा पढ़ाई में अच्छा करे, लेकिन कुछ माता-पिता ऐसे भी होते हैं जो बच्चों को सिर्फ किताबों तक सीमित नहीं रखते. वे चाहते हैं कि बच्चा हर नई चीज सीखने की कोशिश करे और अपनी अलग पहचान बनाए. सोशल मीडिया पर वायरल हो रही मिताली की कहानी इसी सोच का एक खूबसूरत उदाहरण है. मिताली ने बताया कि आज वह जितनी भी चीजें जानती हैं, उसके पीछे उनकी मेहनत के साथ-साथ माता-पिता की खास परवरिश का बड़ा योगदान है.
एक वीडियो में गिनाईं कई खूबियां
इंस्टाग्राम पर शेयर किए गए वीडियो में मिताली ने अपना खास परिचय दिया हैं. उन्होंने बताया कि वह पेशे से डॉक्टर हैं. इसके साथ ही पिछले 6 साल से क्लासिकल डांस सीख रही हैं और सिंगिंग भी करती हैं. हालांकि, बात यहीं खत्म नहीं होती. उन्हें पेंटिंग करना, स्विमिंग करना, होस्टिंग, डिबेट और पब्लिक स्पीकिंग भी पसंद है. उन्होंने बताया कि उन्हें ये सभी हुनर धीरे-धीरे बचपन से सीखने का मौका मिला है.
मां ने हर गर्मी की छुट्टी में सिखाई नई स्किल
मिताली ने वीडियो में अपनी मां को सबसे बड़ा श्रेय दिया. उन्होंने कहा कि उनकी मां ने उन्हें किसी खास प्रोजेक्ट की तरह तैयार किया. हर साल गर्मी की छुट्टियों में उनका एक ही नियम होता था – इस बार कोई नई स्किल सीखनी है. कभी डांस, कभी म्यूजिक, कभी पेंटिंग या कोई दूसरी एक्टिविटी. छुट्टियां सिर्फ खेलने या समय बिताने के लिए नहीं होती थीं, बल्कि कुछ नया सीखने का मौका बन जाती थीं.
स्कूल के दौरान भी हर महीने थी एक नई चुनौती
सिर्फ छुट्टियों में ही नहीं, स्कूल खुलने के बाद भी मिताली की मां उन्हें हर महीने किसी न किसी इंटर-हाउस कॉम्पिटिशन में हिस्सा लेने के लिए प्रेरित करती थीं. कभी स्पीट कॉम्पिटिशन, कभी डिबेट, कभी पेंटिंग या दूसरी कल्चरल एक्टिविटी. इससे उन्हें अलग-अलग फील्ड का एक्सपीरियंस मिला और उनका आत्मविश्वास भी बढ़ता गया.
पिता ने 6 साल की उम्र में भेजा स्विमिंग क्लास
मिताली ने बताया कि उनके पिता की भी इस सफर में बड़ी भूमिका रही. जब वह सिर्फ 6 साल की थीं, तब पिता ने उन्हें स्विमिंग क्लास में एडमिशन दिलाया. वहीं दोनों माता-पिता ने मिलकर यह भी सुनिश्चित किया कि उनकी क्लासिकल डांस की ट्रेनिंग लगातार चलती रहे. यानी घर में पढ़ाई के साथ खेल और कला, दोनों को बराबर महत्व दिया गया.
कॉमेडियन जाकिर खान की इस बात से हुई प्रेरित
वीडियो में मिताली ने कॉमेडियन जाकिर खान की एक बात का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि जाकिर खान की यह लाइन उन्हें पूरी तरह सही लगती है – “You are your upbringing” यानी इंसान की पहचान उसकी परवरिश से बनती है. मिताली का मानना है कि अगर बचपन में सही माहौल और नई चीजें सीखने का मौका मिले, तो वही आगे चलकर व्यक्ति के व्यक्तित्व को मजबूत बनाता है.
घर का एक नियम जिसने बदल दी सोच
मिताली ने बताया कि उनके माता-पिता हमेशा एक बात कहते थे – जो सीख सकते हो, सीख लो. ज्ञान कभी बेकार नहीं जाता. इसी सोच के कारण उन्होंने बचपन से कई अलग-अलग एक्टिविटी में हिस्सा लिया. आज वह डॉक्टर होने के साथ कई दूसरी प्रतिभाओं की भी पहचान रखती हैं. उनकी कहानी यह बताती है कि बच्चों को शुरुआत से अलग-अलग अनुभव देने से उनका आत्मविश्वास, स्किल और सोच तीनों मजबूत होते हैं.