बागपत। जिलेभर में बच्चों पर वायरल के साथ हेपेटाइटिस ए का हमला हो रहा है। बीते तीन महीनों में निजी और सरकारी अस्पतालों में आए मरीजों ने कई वर्षों के रिकार्ड ध्वस्त कर दिए हैं। बच्चों का एसजीपीटी और एसजीओटी इतने बढ़ रहे हैं कि डॉक्टर्स हैरान हैं। ऑक्सीजन लेवल भी गिर रहा है। तीन से चार दिन के बुखार में पीलिया शरीर को जकड़ रहा है। इसे रिकवर करने में 10 से 15 दिन लग रहा है। बाल रोग विशेषज्ञों ने बताया कि बच्चों में गला खराब, कफ बनना और शरीर टूटना साधारण वायरल है। इसे रिकवर करने में 7 से 8 दिन लग रहे हैं, लेकिन अब बच्चे वायरल हेपेटाइटिस ए का शिकार हो रहे हैं।
100 केस में से 60 केस वायरल हेपेटाइटिस ए के आ रहे हैं। तीन महीनों में रिकार्ड केस आए हैं, जो पिछले कई वर्षों में नहीं देखे हैं। पेट दर्द, उल्टी आना, बुखार और भूख न लगना इस वायरल के प्रमुख लक्षण हैं। तीन से चार दिन तक आने वाले बुखार से बच्चे को पीलिया की शिकायत हो रही है। बच्चों के एसजीपीटी और एसजीओटी सामान्य से कई गुणा तक बढ़े हुए हैं। ऐसे में इन बच्चों को रिकवर करने में समय लग रहा है। बाल रोग विशेषज्ञ डा. अभिषेक ने बताया कि वायरल में निमोनिया ने भी जोर पकड़ा हुआ है। इसमें बच्चों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है। फेफड़े कमजोर हो रहे हैं। बच्चों का ऑक्सीजन लेवल भी गिर रहा है। ऐसे में उनकी ऑक्सीजन लेवल को स्थिर रखना भी चुनौती बना हुआ है। नेबुलाइजर से उन्हें ठीक किया जा रहा है। इसमें भी बच्चों को ठीक होंने में लगभग 10 से 15 दिन का समय लग रहा है।