रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में दल से बिछड़े हाथी शावक को काफी मशक्कत के बाद उसकी मां और दल से मिलाया गया था, लेकिन आज सुबह खेत में उसका शव मिलने से हड़कंप मच गया है। जिसके बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर आगे की कार्रवाई में जुट गई है।
मिली जानकारी के अनुसार, जिले के धरमजयगढ़ वन मंडल के अंतर्गत आने वाले छाल रेंज के रीलों गांव के एक खेत में रविवार की रात तकरीबन 9 बजे 40 हाथियों का एक बड़ा दल पहुंचा था। इस दरम्यान लगभग एक साल का नन्हा हाथी शावक खेत के कीचड़ में फंसकर अपनी मां और दल से बिछड़ गया था। इस मामले की जानकारी मिलते ही वन विभाग के अलावा हाथी मित्र दल की टीम मौके पर पहुंची और शावक का रेस्क्यू अभियान की शुरुआत करते हुए उसे उसकी मां और दल से मिलाने का प्रयास किया गया।
हाथियों के चिंघाड़ से गूंजता रहा जंगल
बताया जा रहा है कि ड्रोन कैमरे की मदद से हाथियों के दल को ढूंढ कर बीती रात तकरीबन 12 बजे के आसपास हाथी शावक को उसके दल से मिलाया गया, जिसके बाद शावक को देखते ही हाथियों के चिंगड़ से पूरा जंगल गूंजता रहा। इस बीच शावक को सूंघते हुए हाथियों के दल ने उसे स्वीकार कर आगे बढ़ गया था।
खेत में मिला शावक का शव
शावक को अपने साथ लेकर हाथियों का दल आगे निकल गया था, लेकिन आज सुबह सारसमार के तीहीली खार नामक खेत में उक्त हाथी शावक का शव मिलने के बाद मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई, जिसके बाद वन विभाग की टीम को घटना की जानकारी दी गई।
दबकर मौत होने की आशंका
बताया जा रहा है कि हाथियों का दल सुबह 5 बजे के आसपास सारसमार के खेत में मौजूद था, इस दौरान संभवतः बड़े हाथियों के नीचे दबने से ही हाथी शावक की मौत हुई होगी, फिलहाल शावक के शव का पीएम किया जा रहा है, उसके बाद ही मौत के कारणों का पता चल सकेगा।