कानपुर। भगवान विश्वकर्मा की जयंती गुरुवार को श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाई जाएगी। ज्योतिषाचार्य पंडित पीएन द्विवेदी के अनुसार पूजा का शुभ समय सुबह 7:58 बजे से दोपहर 12:40 बजे तक रहेगा। अभिजीत मुहूर्त सुबह 11:51 बजे से दोपहर 12:40 बजे तक है। इस दिन कन्या संक्रांति भी मनाई जाती है। कार्यस्थलों, कारखानों और प्रतिष्ठानों में मशीनों, औजारों व उपकरणों की पूजा की जाएगी।
ज्योतिषाचार्य ने बताया कि सूर्य देव सिंह राशि से निकलकर कन्या राशि में प्रवेश करेंगे। भाद्रपद माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि को भगवान विश्वकर्मा का जन्म हुआ था। सनातन धर्म में उन्हें सृष्टि का दिव्य वास्तुकार और पहला इंजीनियर माना जाता है। पौराणिक मान्यता के अनुसार उन्होंने देवताओं के महल, स्वर्ग लोक तथा भगवान शिव का त्रिशूल, भगवान विष्णु का सुदर्शन चक्र समेत अनेक दिव्य अस्त्रों का निर्माण किया था। इस अवसर पर व्यापारी और श्रमिक कार्यस्थलों की पूजा कर व्यवसाय में सफलता, सुरक्षा, उन्नति, समृद्धि और सुख-शांति की कामना करेंगे।