टेलीविजन के सुनहरे दौर की मशहूर अभिनेत्री और गायिका पैगी किंग का निधन हो गया है। 96 वर्षीय पैगी किंग लंबे समय से अल्जाइमर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रही थीं। उनके निधन की पुष्टि उनके पब्लिसिस्ट एलन आइशर ने की है। उन्होंने बताया कि पैगी किंग ने पेनसिल्वेनिया के विनेवुड स्थित सांडर्स हाउस असिस्टेड लिविंग फैसिलिटी में अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से अंतरराष्ट्रीय मनोरंजन जगत में शोक की लहर है।
मनोरंजन जगत में पैगी किंग का योगदान
पैगी किंग का करियर केवल टेलीविजन तक ही सीमित नहीं था। उन्होंने एमजीएम के साथ अनुबंध किया था और फिल्म ‘द बैड एंड द ब्यूटीफुल’ के लिए अपनी आवाज दी थी। इसके अलावा, उन्होंने ‘एबॉट एंड कॉस्टेलो मीट द ममी’ जैसी फिल्मों में भी काम किया। टेलीविजन पर वे ‘द बॉब होप शो’, ‘अमेरिकन बैंडस्टैंड’ और ‘ड्रैगनेट’ जैसे कई प्रतिष्ठित वैरायटी शोज का हिस्सा रहीं। 1955 के ऑस्कर अवॉर्ड्स (अकादमी पुरस्कार) के मंच पर भी उन्होंने अपनी गायकी का जादू बिखेरा था। (जूम हिंदी पर यह भी पढ़ें: बिग बॉस के वो बागी कंटेस्टेंट जिन्होंने तोड़ी थी घर की छत, आज भी याद किया जाता है उनका अंदाज)
उपलब्धियां और सम्मान
संगीत के क्षेत्र में भी पैगी किंग ने अपनी अमिट छाप छोड़ी। कोलंबिया रिकॉर्ड्स के साथ उनके दो एल्बम काफी सफल रहे थे। ‘डाउनबीट’ और ‘बिलबोर्ड’ जैसे प्रतिष्ठित प्रकाशनों ने उन्हें 1955-56 के लिए ‘बेस्ट न्यू सिंगर’ चुना था। मशहूर गाना ‘क्राई मी अ रिवर’ विशेष रूप से उनके लिए ही लिखा गया था। उनके करियर की उपलब्धियों को देखते हुए 1960 में उन्हें ‘हॉलीवुड वॉक ऑफ फेम’ पर स्टार से सम्मानित किया गया। इसके अलावा, 2010 में उन्हें ‘ब्रॉडकास्ट पायनियर्स ऑफ फिलाडेल्फिया हॉल ऑफ फेम’ में शामिल किया गया था। पैगी किंग अपने पीछे अपनी बेटी सूजी और दामाद ड्वेन को छोड़ गई हैं।
