Home ViralVIDEO: ‘ना आपकी गारंटी ना मेरी, जब तक हैं…’, राजस्व मंत्री ने कलेक्टर को सिखाया जीवन का फलसफा – Sehore Viral Video Shows Minister Karan Singh Verma Advising Officials to Work Happily for Public Welfare lcly

VIDEO: ‘ना आपकी गारंटी ना मेरी, जब तक हैं…’, राजस्व मंत्री ने कलेक्टर को सिखाया जीवन का फलसफा – Sehore Viral Video Shows Minister Karan Singh Verma Advising Officials to Work Happily for Public Welfare lcly

by BollywoodNewsAndMovie


मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के इछावर तहसील के ग्राम बालोड़िया में एक शासकीय कार्यक्रम के दौरान उस वक्त माहौल बेहद हल्का-फुल्का हो गया, जब राजस्व मंत्री करणसिंह वर्मा ने मंच से कलेक्टर बालागुरु के साथ मजाकिया अंदाज में बातचीत की. मंत्री की बेबाक बातों पर कार्यक्रम में मौजूद लोग ठहाके लगाने लगे. अब इस बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.

मंत्री करणसिंह वर्मा ने कलेक्टर से बातचीत के दौरान कहा, “अरे यार, न मेरी कोई गारंटी है, न आपकी गारंटी है. आज आप कलेक्टर हो, कल नहीं रहोगे. आज मैं मंत्री हूं, कल नहीं रहूंगा. कोई किसी को याद नहीं रखता.”

कलेक्टर की भाषा पर भी ली चुटकी
मंत्री ने आगे कहा कि पद हमेशा के लिए नहीं होता. इसलिए जब तक जिम्मेदारी मिली है, तब तक खुशी-खुशी और खुलकर जनता के हित में काम करना चाहिए. उन्होंने कहा कि काम करने में ही असली मजा है. मंत्री की यह बात सुनकर पूरा पंडाल हंसी और तालियों से गूंज उठा.

करणसिंह वर्मा ने कलेक्टर बालागुरु की स्थानीय भाषा को लेकर भी मजाकिया अंदाज में टिप्पणी की. उन्होंने कहा कि कलेक्टर साहब बड़े सीधे हैं. जब यहां आए थे तो यहां की भाषा नहीं जानते थे, लेकिन अब काफी कुछ सीख गए हैं. मंत्री की इस बात पर भी कार्यक्रम में मौजूद लोग मुस्कुराते नजर आए.

अधिकारियों को दिया जनहित का संदेश
मंत्री ने इस दौरान अधिकारियों को जनहित से जुड़े कामों को लेकर भी स्पष्ट संदेश दिया. उन्होंने कहा कि जनता के कामों के लिए किसी सिफारिश की जरूरत नहीं होनी चाहिए. लोगों के काम समय पर और तत्काल पूरे किए जाने चाहिए.

मंत्री और कलेक्टर के बीच हुई यह सहज बातचीत अब सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई है. खास तौर पर मंत्री का यह अंदाज लोगों को पसंद आ रहा है, जिसमें उन्होंने सत्ता और पद को अस्थायी बताते हुए अधिकारियों को जनता के लिए खुलकर काम करने की नसीहत दी.

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