लखनऊ के शिवा शर्मा मर्डर केस में एक नया वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। वीडियो में श्रद्धा दुबे, शिवा से चोरी कबूल कराने का दबाव बनाते हुए नजर आईं हैं। शिवा के चेहरे पर मानसिक दबाव और डर साफ देखने को मिला है।

सोशल मीडिया पर टुकड़ों में वायरल हुए मृतक शिवा शर्मा के दो वीडियो के पहले हिस्से में श्रद्धा दुबे यह कहती सुनाई दे रही है कि आपने मेरे यहां से कब चोरी की थी? किस टाइम पर की थी? सितंबर में की थी या अक्टूबर में? मैं बहुत प्यार से पूछ रही हूं, अभी मैंने पुलिस नहीं बुलाई है, पुलिस इसके बाद बुलाऊंगी। इसके जवाब में बेहद डरा हुआ शिवा कहता है कि उसने सितंबर में उस वक्त चोरी की जब श्रद्धा 20-25 मिनट के लिए वॉशरूम गई थी। श्रद्धा उससे पूछती है कि क्या तुमने एक साथ तीन चेनें और एक ब्रेसलेट चुराया और चौक में बेचा? शिवा हां में सिर हिलाता है। इसके बाद श्रद्धा पूछती है कि यह कुल 6 लाख रुपये के करीब का पैसा कब तक मिल जाएगा और क्या तुम्हारी मम्मी या किसी और को इस बारे में पता है? इस पर शिवा कहता है कि किसी को नहीं पता और वह एक महीने के अंदर पैसे लौटा देगा।
दबाव में तो नहीं बनवा रही वीडियो
वीडियो के अंत में श्रद्धा बेहद शातिराना अंदाज में यह भी कहती नजर आती है कि ये वीडियो मैं दबाव में तो बनवा नहीं रही हूं, भाई आपने खुद एक्सेप्ट किया है। वहीं वीडियो के दूसरे भाग में जब श्रद्धा दोबारा पूछती है कि पैसे रिटर्न कब करोगे तो शिवा कहता है कि वह एक महीने में दे देगा और लिखित में देने को भी तैयार है। शिवा यह भी कहता दिखाई दे रहा है कि जब तक वह पैसे नहीं लौटा देता, तब तक के लिए श्रद्धा उसकी कार रख ले और पैसे देने के बाद वह अपनी गाड़ी वापस उठा लेगा।
परिजनों के आरोपों पर लगी मुहर
मृतक शिवा शर्मा के इस वीडियो के सामने आने के बाद शिवा की मां रंजना शर्मा के उन आरोपों को मजबूती मिली है, जिसमें उन्होंने कहा था कि श्रद्धा दुबे उनके बेटे को बंधक बनाकर रखती थी और जेवर चोरी का झूठा आरोप लगाकर ब्लैकमेल व प्रताड़ित करती थी। श्रद्धा ने हाल ही में जारी अपने वीडियो में शिवा पर 15-20 लाख रुपये का कर्ज होने का दावा किया था लेकिन इस नए वीडियो से यह संदेह गहरा गया है कि वह खुद ही शिवा पर फर्जी आरोप मढ़कर लाखों रुपये की अवैध वसूली कर रही थी और विरोध करने पर बाहुबलियों व पुलिस का खौफ दिखाती थी। हजरतगंज पुलिस ने वायरल वीडियो को केस डायरी में शामिल कर फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है।

